Aadi Badri: कलयुग से पहले जहां हुआ करते थे बद्रीनाथ के दर्शन

Aadi Badri पंच बद्री में से एक स्थल है। यह मंदिर कर्णप्रयाग से केवल 16 किलोमीटर की दूरी पर स्थित है। कहते हैं बद्रीनाथ के दर्शन पहले आदि बद्री में हुआ करते थे। कलयुग के खत्म हो जाने के बाद बद्रीनाथ के दर्शन भाविष्य बद्री में होंगे। इन्हीं सब कहानियों को जानने के लिए हम निकल पड़े थे आदि बद्री की ओर। आइये आपको भी बताते हैं कि क्या है यहां की मान्यता और कैसे यहां तक पहुंचा जाए।

Aadi Badri
Aadi Badri

कैसी थी हमारी Aadi Badri की यात्रा?

Aadi Badri तक पहुंचने का मार्ग बहुत ही सरल है। श्रीनगर से हम एक मैक्स बुक करके मंदिर तक पहुंच गए थे। हम दस लोग एक साथ निकले थे तो हमें बुकिंग का दाम भी कम लगा। मंदिर से पहले ही गढ़वाल मण्डल विकास निगम (GMVN) में हम कुछ देर रुके और फ्रेश हुए। GMVN में अपना सामान रख कर हम मंदिर की ओर निकल पड़े। मंदिर के बारे में हमने जितना सुना था उससे ज्यादा खूबसूरत पाया। पौराणिक बनावट में बने इस स्थल में फिल्हाल 14 मंदिर हैं जो पहले 16 हुआ करते थे। हर मंदिर की बनावट एक जैसी है, अंतर है तो सिर्फ कद का। सबसे ऊंचा मंदिर यहां पर विष्णु जी के बद्री अवतार का है। इसके अलावा यहां भगवान सत्यनारायण, लक्ष्मी नारायण, राम, सीता, लक्ष्मण, हनुमान, मां गौरी, मां काली, अन्नपूर्णा, चक्रभान, भोलेनाथ और कुबेर के मंदिर भी स्थित हैं।

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Aadi Badri में स्थित मंदिर
Aadi Badri में स्थित मंदिर

हमने एक- एक करके सभी मंदिरों के दर्शन किये। दर्शन के वक्त हमने देखा कि कुबेर के मंदिर में कोई मूर्ति नहीं थी। पंडित जी से पूछने पर उन्होंने बताया कि कई वर्षों पहले ये मूर्ति हुआ करती थी। 1995 में कुछ चोर उस मूर्ति को चुरा ले गए। चोरों ने चोरी के वक्त सुरक्षा कर्मी पर हमला भी किया था। सुरक्षा कर्मी को तो बचा लिया गया लेकिन मूर्ति का आजतक पता नहीं लग पाया।

क्या है Aadi Badri की कथा?

कहा जाता है कि आदि बद्री की नींव 8वीं सदी में आदि गुरु शंकराचार्य ने रखी थी। उनका उद्येश्य था कि तीर्थयात्री चारों दिशाओं में तीर्थ के लिए जा सके। कहते हैं कि भगवान विष्णु सत युग, द्वापर युग और त्रेता युग में यहां पर बद्रीनाथ के रूप में विराजित थे। इसके बाद कलयुग में वे बद्री विशाल चले गए। माना जाता है कि नरसिंह भगवान की मूरत से कलाई अलग होने के बाद बद्री विशाल भविष्य बद्री में विराजेंगे।

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कैसे पहुंचे Aadi Badri?

आदि बद्री बहुत आसानी से पहुंचा जा सकता है। बस या ट्रेन के जरिये ऋषिकेश पहुंच कर आपको कर्णप्रयाग की बस पकड़नी होगी। कर्णप्रयाग से आदि बद्री की दूरी 16 किलोमीटर की है जो की आप किसी लोकल वाहन से तय कर सकते हैं।


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